बात पते की भुलाने का नहीं
भाग्य को आजमाने का नहीं
जो राह सरल दिखती हो
उस तरफ जाने का नहीं
जो ज्यादा ही मीठा बोले
मन के घाव दिखाने का नहीं
जो हवा में महल दिखाए
उससे फिर बतियाने का नहीं
जिसके हाथ जेब में ही रहे
उसको पास बिठाने का नहीं
खंजर लिए कब कौन मिलेगा?
सब से मन मिलाने का नहीं
अनुभव जीवन का कहता है
सबको सब बताने का नहीं
हाथ जोड़कर करो नमस्ते
किसीसे हाथ मिलाने का नहीं
मुसीबतें तो आती रहती है
ऐसे में घबराने का नहीं!
#डॉप्रीतिसमकितसुराना



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