"मेरा मन"
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Thursday, 12 March 2020
तुम आओ तो रंग सजे
#
हाँ!
रहने लगी हूँ
बेसब उदास सी
बेनूरी अब आँखों से
छलकती है
लोग बताकर जाते हैं
कई इलाज और दवाएँ
मेरे मर्ज की
पर कोई नहीं समझता
कि बीमार नहीं हूँ मैं
बस इंतज़ार में हूँ
तुम आओ तो रंग सजे!
#डॉ प्रीति समकित सुराना
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